डिफेंस सेक्टर की कंपनियां इन दिनों निवेशकों और संस्थागत निवेशकों के बीच खास चर्चा का विषय बनी हुई हैं। वैश्विक स्तर पर बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव और आधुनिक युद्ध तकनीकों के तेजी से विकसित होने के कारण रक्षा क्षेत्र की कंपनियों में रुचि लगातार बढ़ रही है। पारंपरिक सैन्य उपकरणों के साथ-साथ अब उन्नत तकनीक आधारित समाधान, जैसे एंटी-ड्रोन सिस्टम और स्मार्ट डिफेंस टेक्नोलॉजी, महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। इसी क्षेत्र में कार्यरत जेन टेक्नोलॉजीज लिमिटेड ने भी निवेशकों का ध्यान आकर्षित किया है। मार्च तिमाही के शेयरहोल्डिंग आंकड़ों के अनुसार, कंपनी में घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) की हिस्सेदारी 10 प्रतिशत के स्तर को पार कर गई है, जो कंपनी के प्रति बढ़ते भरोसे को दर्शाता है।
10% के पार पहुंच गई DII की हिस्सेदारी?
जनवरी से मार्च 2026 की अवधि में घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने जेन टेक्नोलॉजी में अपनी हिस्सेदारी बढ़ाई है। ताजा शेयरहोल्डिंग आंकड़ों के अनुसार, मार्च 2026 तिमाही के अंत तक कंपनी में DII की कुल हिस्सेदारी बढ़कर 10.06 प्रतिशत पर पहुंच गई। रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस दौरान मोतीलाल ओसवाल लॉन्ग टर्म इक्विटी फंड प्रमुख निवेशकों में शामिल रहा। फंड ने कंपनी में अपनी हिस्सेदारी 4.36 प्रतिशत से बढ़ाकर 5.96 प्रतिशत कर दी, जो संस्थागत निवेशकों के बढ़ते भरोसे को दर्शाता है।
क्या करती है कंपनी?
वर्तमान में जेन टेक्नोलॉजी लिमिटेड भारत में एंटी-ड्रोन समाधान प्रदान करने वाली प्रमुख कंपनियों में शामिल है। कंपनी रक्षा और सुरक्षा क्षेत्र के लिए उन्नत ड्रोन-रोधी तकनीकों के विकास और आपूर्ति पर विशेष ध्यान देती है। वैश्विक बाजार में भी कंपनी ने अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई है और अब तक 1,000 से अधिक ड्रोन सिस्टम विभिन्न ग्राहकों को उपलब्ध करा चुकी है।
कंपनी का ऑर्डर बुक काफी मजबूत
मार्च 2026 के अंत तक जेन टेक्नोलॉजी लिमिटेड के पास कुल 1,336 करोड़ रुपये का ऑर्डर बुक मौजूद था। इसमें से 113.40 करोड़ रुपये के ऑर्डर कंपनी की सहायक (सब्सिडियरी) इकाइयों के हिस्से में थे। वहीं, मार्च तिमाही के दौरान कंपनी को 431 करोड़ रुपये मूल्य के नए ऑर्डर प्राप्त हुए, जिससे इसके ऑर्डर पाइपलाइन में और मजबूती देखने को मिली।
शेयरों का प्रदर्शन कैसा?
जेन टेक्नोलॉजी लिमिटेड का शेयर हाल ही में बीएसई पर 1.70% की गिरावट के साथ 1,666.10 रुपये पर बंद हुआ। पिछले छह महीनों के दौरान कंपनी के शेयर में लगभग 18% की कमजोरी दर्ज की गई है, जबकि एक साल के प्रदर्शन पर नजर डालें तो इसमें करीब 21% की गिरावट देखने को मिली है।
हालांकि, लंबी अवधि के निवेशकों के लिए कंपनी का ट्रैक रिकॉर्ड काफी मजबूत रहा है। पिछले दो वर्षों में इस शेयर ने लगभग 78% का रिटर्न दिया है। वहीं, तीन वर्षों की अवधि में इसका मूल्य करीब 364% बढ़ा है। पांच साल पहले निवेश करने वाले निवेशकों को अब तक लगभग 2,190% का शानदार रिटर्न प्राप्त हुआ है। इसके अलावा, पिछले दस वर्षों में कंपनी के शेयर ने करीब 2,244% की वृद्धि दर्ज करते हुए निवेशकों की संपत्ति में उल्लेखनीय बढ़ोतरी की है।
(डिस्क्लेमर: शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन होता है। किसी भी निवेश संबंधी निर्णय से पहले अपने वित्तीय सलाहकार या बाजार विशेषज्ञ की राय अवश्य लें।)








