LIC Bonus: सरकारी बीमा कंपनी एलआईसी (LIC) ने अपने भागीदारी (Participating) जीवन बीमा पॉलिसीधारकों के लिए वित्त वर्ष 2025-26 के लिए रिकॉर्ड बोनस की घोषणा की है। कंपनी ने कुल 59,725 करोड़ रुपये बोनस वितरित करने का निर्णय लिया है, जो पिछले वित्त वर्ष की तुलना में लगभग 6 प्रतिशत अधिक है। इससे पहले वित्त वर्ष 2024-25 के लिए एलआईसी ने 56,331 करोड़ रुपये के बोनस का ऐलान किया था। कंपनी द्वारा शुक्रवार को जारी आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, भारतीय जीवन बीमा बाजार में एलआईसी की मजबूत स्थिति अब भी कायम है। पहले वर्ष के प्रीमियम संग्रह (First Year Premium Income) के आधार पर कंपनी की बाजार हिस्सेदारी 56.66 प्रतिशत दर्ज की गई है, जबकि नई पॉलिसियों की संख्या के मामले में एलआईसी के पास कुल बाजार का 65.16 प्रतिशत हिस्सा है।
एलआईसी की ओर से जारी जानकारी के मुताबिक, वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान 8,356.71 करोड़ रुपये का अंतरिम बोनस (Interim Bonus) भी वितरित किया गया, जबकि पिछले वित्त वर्ष में यह राशि 3,075.80 करोड़ रुपये थी। यह बोनस उन पात्र पॉलिसीधारकों को दिया जाता है, जिनकी भागीदारी वाली जीवन बीमा पॉलिसियां बोनस के लिए योग्य होती हैं और जिनका दावा पॉलिसी की मैच्योरिटी या बीमित व्यक्ति की मृत्यु के बाद देय होता है। कंपनी का कहना है कि यह कदम अपने ग्राहकों के प्रति उसकी दीर्घकालिक प्रतिबद्धता और वित्तीय मजबूती को दर्शाता है।
एलआईसी के बिजनेस में सुधार
बीमा कंपनी के मुनाफे से जुड़े प्रमुख संकेतकों में वित्त वर्ष 2026 के दौरान उल्लेखनीय सुधार देखने को मिला। कंपनी की वैल्यू ऑफ न्यू बिजनेस (VNB) सालाना आधार पर लगभग 42% बढ़कर 14,179 करोड़ रुपये तक पहुंच गई, जबकि पिछले वित्त वर्ष में यह आंकड़ा 10,011 करोड़ रुपये था। इसी अवधि में VNB मार्जिन भी 17.6% से बढ़कर 21.20% हो गया, जो बेहतर लाभप्रदता को दर्शाता है। वहीं, एनुअल प्रीमियम इक्विवेलेंट (APE) बढ़कर 66,961 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया। इस प्रदर्शन के पीछे कंपनी के उच्च मार्जिन वाले बीमा उत्पादों की मजबूत मांग और बेहतर प्रोडक्ट मिक्स को प्रमुख कारण माना जा रहा है।
रणनीतिक रूप से कंपनी अब अधिक लाभ देने वाले नॉन-पार्टिसिपेटिंग बीमा उत्पादों पर अपना फोकस बढ़ा रही है। इसके बावजूद, कंपनी के पोर्टफोलियो में मनी बैक और होल लाइफ जैसी पारंपरिक योजनाओं की मजबूत हिस्सेदारी बनी हुई है। नए बिजनेस से होने वाली आय में सुधार कंपनी के लिए सकारात्मक संकेत है। हालांकि, उपलब्ध रिपोर्ट यह भी बताती है कि लंबी अवधि में पॉलिसी रिटेंशन (Policy Retention) के मोर्चे पर कंपनी को अभी और सुधार की आवश्यकता है।
एलआईसी के शेयरों की स्थिति
सप्ताह के अंतिम कारोबारी दिन शुक्रवार को बीएसई पर एलआईसी का शेयर 0.44% की गिरावट के साथ 430.15 रुपये पर बंद हुआ। यदि पिछले एक वर्ष के प्रदर्शन पर नजर डालें, तो कंपनी के शेयर में लगभग 9% की कमजोरी दर्ज की गई है, जबकि दो वर्षों के दौरान इसमें करीब 12.91% की गिरावट देखने को मिली। हालांकि, लंबी अवधि के निवेशकों के लिए तस्वीर अलग रही है। पिछले तीन वर्षों से शेयर होल्ड करने वाले निवेशकों को अब तक लगभग 36% का सकारात्मक रिटर्न प्राप्त हुआ है।
नोट: यह जानकारी केवल सामान्य सूचना के उद्देश्य से दी गई है। इसे निवेश संबंधी सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए। शेयर बाजार में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन होता है। किसी भी प्रकार का निवेश निर्णय लेने से पहले योग्य वित्तीय सलाहकार या विशेषज्ञ से परामर्श अवश्य करें।










